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कविताएं

आलोक शर्मा की तीन कविताएँ

आलोक शर्मा अंग्रेज़ी के वरिष्ठ पत्रकार हैं। टाइम्स ऑफ़ इंडिया समूह में काम करते हैं। हिंदी में कविताएँ लिखते हैं। अपने समय को देखने का एक नज़रिया देते हैं। आज उनकी तीन कविताएँ पढ़िए- ====================   सलाम दानिश —————-     फ़रेब की चकाचौंध में चौंधिया जाती हैं आँखें और …

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‘बिसात पर जुगनू’ की काव्यात्मक समीक्षा

यतीश कुमार की काव्यात्मक समीक्षा शैली से हम सब बखूबी परिचित हैं। आज उन्होंने अपनी शैली में वंदना राग के उपन्यास ‘बिसात पर जुगनू’ की समीक्षा की है। मौका लगे तो पढ़िएगा- ===============================   सुना है कि पुराने ज़माने में जुगनुओं को एक डिब्बे में बंद कर उससे रात में …

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वीरेंद्र प्रसाद के कुछ नए गीत

भा.प्र.से. से जुड़े डॉ. वीरेन्द्र प्रसाद अर्थशास्त्र एवं वित्तीय प्रबंधन में स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है। वे पशु चिकित्सा विज्ञान में स्नातकोत्तर भी हैं। रचनात्मक लेखन में उनकी रुचि है। प्रस्तुत है भीड़भाड़ से दूर रहने वाले कवि-लेखक वीरेन्द्र प्रसाद की कुछ नए गीत पढ़िए- ======================  1. जीने का …

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‘जियो जवानी , जियो ज़माना , जियो जवानी, जियो ज़माना’ के गीतकार हरेकृष्ण

आज पढ़िए वैशाली जनपद के एक बिसरे गीतकार हरेकृष्ण के गीत। चयन के साथ भूमिका लिखी है प्रसिद्ध लेखिका गीताश्री ने- =========================================   पचास और साठ के दशक में एक गीतकार हरेकृष्ण ( 1934 -2011) वैशाली जनपद से नया हुंकार भर रहे थे, युवाओं में नये प्राण फूंक रहे थे- …

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हरिहर प्रसाद चौधरी ‘नूतन’ के छह गीत

वैशाली जनपद के कवि हरिहर प्रसाद चौधरी ‘नूतन’ का नाम सुना था। सीतामढ़ी के गीतकार रामचंद्र ‘चंद्रभूषण’ उनका नाम लेते थे। कहते थे मंचों पर आग लगा देता है। लेकिन न उनको कभी पढ़ने का मौका मिला न सुनने का। कुछ दिन पहले मेरे फ़ेसबुक वाल पर कर्मेंदु शिशिर जी …

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गौतम राजऋषि की ताज़ा नज़्म ‘ये गुस्सा कैसा गुस्सा है’

आज पढ़िए जाने-माने शायर गौतम राजऋषि की ताज़ा नज़्म- ======================   ये ग़ुस्सा कैसा ग़ुस्सा है ये ग़ुस्सा कैसा-कैसा है ये ग़ुस्सा मेरा तुझ पर है ये ग़ुस्सा तेरा मुझ पर है ये जो तेरा-मेरा ग़ुस्सा है ये ग़ुस्सा इसका-उसका है ये ग़ुस्सा किस पर किसका है ये ग़ुस्सा सब …

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प्रयाग शुक्ल की नई कविताएँ

कल यानी 28 मई को जाने-माने कवि-कला समीक्षक प्रयाग शुक्ल का जन्मदिन था। वे 81 साल के हो गए। उन्होंने कुछ नई कविताएँ लिखीं। आप उन कविताओं को यहाँ पढ़ सकते हैं –- =========   1 आशंका   जब लगा होगा मन मेरा किसी काम में- कोई टोक देगा! जब …

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अनुराग अनंत की ग्यारह कविताएँ

आज युवा कवि अनंत अनुराग की कविताएँ पढ़िए। ताज़गी का अहसास होगा- =======================   !! लगभग सिर्फ़ एक शब्द नहीं है !!   (1)   एक बरसात से दूसरी बरसात तक जाते हुए बीच में मिलती है सर्दी और गर्मी बहुत से लोग, उनकी प्यास उदास कुत्ते और उनकी भूख …

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सदी का सबसे क्रूर क़ातिल- रवित यादव की कविताएँ

दिल्ली विश्वविद्यालय के लॉ फ़ैकल्टी के छात्र रवित यादव की कविताएँ पढ़िए। आज के समय में बहुत प्रासंगिक हैं- ======================================   1- सदी का सबसे क्रूर क़ातिल ———————- झकझोरती हैं जब कानों पर पड़ती चीखें   जब थमती सांसो के साथ जीने की आस थरथराती है   जब टटोलते हो …

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अजय सोडानी की दो कविताएँ

अजय सोडानी को हम सब उनके यात्रा वृत्तांतों के कारण जानते हैं। आज उनकी दो कविताएँ पढ़ते हैं। इन कविताओं में हम सबकी आवाज़ भी शामिल समझिए। आज के हालात पर चुभती हुई कविताएँ- ================   न भगवा, ना सब्ज़ न भाषण, ना शासन न चोटी, ना टोपी न जुन्नार, …

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