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पुस्तक अंश

दिलीप कुमार की शख़्सियत सलीम खान की कलम से

महान अभिनेता दिलीप कुमार साहब के निधन की खबर आ रही है। मुझे उनकी शख़्सियत पर सलीम खान के लिखे इस लेख की याद आई। दिलीप कुमार पर लिखा गया यह एक शानदार लेख है। यह लेख उनकी आत्मकथा ‘वजूद और परछाईं’ में शामिल है। वाणी प्रकाशन से प्रकाशित इस …

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प्राइड मंथ में ‘प्रेग्नेंट किंग’ का अंश

प्राइड मंथ चल रहा है यानी एलजीबीटी समुदाय को लेकर जागरूकता का महीना। मुझे देवदत्त पटनायक के उपन्यास ‘द प्रेग्नेंट किंग’ का ध्यान आया। महाभारत में आए एक प्रसंग को लेकर लेखक ने मिथकीय कथाओं का अच्छा ताना-बना है। पेंगुइन से प्रकाशित इस किताब का सरस हिंदी अनुवाद किया है …

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राही मासूम रज़ा के उपन्यास ‘टोपी शुक्ला’ का एक अंश

आज राही मासूम रज़ा की पुण्यतिथि है। उनके प्रसिद्ध उपन्यास ‘टोपी शुक्ला’ का एक अंश पढ़िए और उनको याद कीजिए। अंश राजकमल प्रकाशन से प्रकाशित उपन्यास से साभार प्रस्तुत है- ======================= टोपी और अलीगढ़ मुसलिम यूनिवर्सिटी! हो सकता है कि आपमें से बहुत-से लोगों को यह बात आश्चर्य में डाल …

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कलाकार जीवन भर एक ही कृति बनाता है: सीरज सक्सेना

जाने माने चित्रकार, सेरेमिक कलाकार, लेखक सीरज सक्सेना के साथ कवि-कला समीक्षक राकेश श्रीमाल की बातचीत की किताब आई है ‘मिट्टी की तरह मिट्टी’। सेतु प्रकाशन से प्रकाशित इस किताब का एक अंश पढ़िए- ================ राकेश श्रीमाल– मिट्टी में काम शुरू करने के बहुत पहले, यानी बचपन में मिट्टी से …

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अनुकृति उपाध्याय के उपन्यास ‘नीना आंटी’ का एक अंश

अनुकृति उपाध्याय का उपन्यास आया है ‘नीना आंटी’। यह एक ऐसी किरदार है जिसको लेकर आजकल ख़ूब लिखा जा रहा है। अपनी शर्तों पर जीने वाली, समाज के क़ायदों को न मानने वाली। राजपाल एण्ड संज से प्रकाशित उपन्यास में कैसी हैं नीना आंटी, इस छोटे से अंश में जानते …

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विनय सीतापति की किताब ‘जुगलबंदी’ का एक अंश

विनय सीतापति की किताब ‘जुगलबंदी’ की बड़ी चर्चा है। वाजपेयी-आडवाणी के आपसी संबंधों को लेकर लिखी गई इस किताब का हिंदी अनुवाद हाल में ही पेंग्विन से प्रकाशित हुआ है। आइए किताब का वह रोचक अंश पढ़ते हैं जो गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफ़े को लेकर वाजपेयी …

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अलेक्सान्द्र पूश्किन के उपन्यास ‘दुब्रोव्स्की’ का एक अंश

अलेक्सान्द्र पूश्किन का 10 फ़रवरी 1837 को एक द्वंद्व युद्ध में गंभीर रूप से घायल होने के बाद केवल 38 वर्ष की आयु में निधन हो गया था. उनके एक लघु उपन्यास “दुब्रोव्स्की” का एक अंश प्रस्तुत है. यह रचना आज से लगभग 170 वर्ष पूर्व लिखी गई थी. मूल …

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‘चौरी चौरा: विद्रोह और स्वाधीनता आंदोलन’ पुस्तक का अंश

1922 में आज के ही दिन क्रांतिकारियों ने चौरी चौरा में थाना फूंक दिया था। जिसके बाद महात्मा गांधी ने असहयोग आंदोलन वापस ले लिया था। आज इस घटना के 99 साल हो गए। चौरी चौरा की इस घटना को आधार बनाकर सुभाष चंद्र कुशवाहा ने किताब लिखी ‘चौरी चौरा: …

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अभिषेक ओझा के उपन्यास ‘लेबंटी चाह’ का एक अंश

अभिषेक ओझा का उपन्यास आया है ‘लेबंटी चाह’। यह उपन्यास एक ग्लोबल हो चुके बिहारी की स्मृतियों का कोलाज है। एक तरफ़ तेज भागती दुनिया है दूसरी तरफ ठहरा हुआ जीवन। राजपाल एण्ड संज प्रकाशन से प्रकाशित इस उपन्यास का एक अंश पढ़िए- ============================ वक़्त के साथ चीज़ें बदलती हैं। …

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मिट्टी में काम करते हुए समय जैसे स्थिर हो जाता है: सीरज सक्सेना

चित्रकार, सेरेमिक कलाकार सीरज सक्सेना के साथ कवि-संपादक राकेश श्रीमाल की बातचीत की किताब आई है ‘मिट्टी की तरह मिट्टी’। सेतु प्रकाशन से प्रकाशित इस किताब का एक अंश प्रस्तुत है- =================== मिट्टी में काम शुरू करने के बहुत पहले, यानी बचपन में मिट्टी से खेलते हुए, मिट्टी को भूमि …

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