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भारत भूषण पन्त की ग़ज़लें

आज भारत भूषण पन्त की ग़ज़लें. भारत भूषण पन्त शायर वाली आसी के शागिर्द रहे और मुनव्वर राना के उस्ताद-भाई. एक बार मुनव्वर राना ने ‘तहलका’ पत्रिका में दिए गए अपने इंटरव्यू में उनकी शायरी की चर्चा भी की थी. उर्दू के इस जाने माने शायर को आज हिंदी में …

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गीताश्री की नयी कहानी ‘टच मी नॉट’

गीताश्री की कहानियों की रेंज बहुत बड़ी है. दुर्भाग्य से उनकी कहानियों के ऊपर ध्यान नहीं दिया गया है. एक तरफ उन्होंने गाँव-देहातों की सशक्त स्त्री पात्रों को लेकर कहानियां लिखी हैं तो दूसरी तरफ समकालीन जीवन स्थितियां उनकी  में सशक्त तरीके से उभर  हैं. मसलन, यही कहानी।  इसका अंत …

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हिंदी जगत के लिए एलियन जैसे थे नीलाभ- भूमिका द्विवेदी

‘सामायिक सरस्वती’ पत्रिका का जुलाई अंक हाथ में आया तो सबसे पहले इस स्मरण-लेख पर नजर ठहर गई. पढता गया, नीलाभ जी की यादों में डूबता गया. उनकी पत्नी भूमिका द्विवेदी ने बहुत दिल से लिखा है और नीलाभ जी के बोहेमियन व्यक्तित्व का सम्यक मूल्यांकन करने की एक रचनात्मक …

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फेसबुक-डिबेट और फेसबुकिया सपने

आजकल हिंदी वाले फेसबुक पर खूब डिबेट में लगे हुए हैं. अपने डॉक्टर व्यंग्यकार प्रवीण कुमार झा का यह व्यंग्य-लेख इसी पर है- मॉडरेटर  ========================== प्रयाग में आज शास्त्रार्थ ‘रिविजिटेड‘ का आयोजन है। रियैलिटी शो टाइप। मंच सजा है। ‘राईट‘ की ओर ‘मार्कण्डेय‘ लिखा है, ‘लेफ्ट‘ की ओर लिखा है …

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शिक्षक दिवस पर एक शिक्षक की ओर से पांच बातें

आज शिक्षक दिवस है. आज युवा लेखक और शिक्षक शशिभूषण ने विद्यार्थियों के लिए पांच बातें लिखी हैं- मॉडरेटर  ==============  शिक्षक दिवस पर पाँच बातें प्रिय विद्यार्थियो, मौका है कि शिक्षक दिवस पर मैं आपसे कुछ कहूँ। आप जानते हैं कि मैं आपसे कहता ही रहता हूँ। आपसे खूब बातें …

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जौन ईलिया ‘गुमान’ और कुछ ग़ज़लें

मजरूह सुल्तानपुरी ने जौन ईलिया को शायरों का शायर कहा था. वे उर्दू में नासिर काज़मी के बाद दूसरे ऐसे शायर हैं जिनकी मकबूलियत मरने के बाद बढती गई है. सोशल मीडिया के जमाने में तो ऐसा लगता है कि बस वही एक शायर था जिसने आज के दौर के …

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संजू शब्दिता के कुछ शेर

संजू शब्दिता बहुत अच्छे शेर कहती हैं. फेसबुक पर उनके कई शेर पढ़कर मैं बहुत मुतास्सिर हुआ. यहाँ उनके करीब 60 चुनिन्दा शेर हैं. पढियेगा और अच्छी लगे तो दाद भी दीजियेगा- मॉडरेटर  ===================================================== 1-हम सितारों की उजालों में कोई कद्र कहाँखूब चमकेंगे जरा रात घनी होने दो 2-हवा के …

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फेसबुक के हिंदी समाज के नाम एक खुला पत्र- गगन गिल

पिछले कुछ दिनों से गगन गिल सहित कुछ कवयित्रियों के बारे में फेसबुक पर जैसी घिनौनी बातें की जा रही हैं वह शर्मनाक हैं. किसी भी लेखिका के लिए अपमानजनक शब्दों का प्रयोग निंदनीय है. जानकी पुल हमेशा से लेखिकाओं के सम्मान के लिए खड़ा रहा है. आज गगन गिल …

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रचना भोला यामिनी की स्मरण-कथाएं

सोशल मीडिया ने लेखन की नई नई विधाओं के लिए स्पेस बनाया है. बनी-बनाई विधाओं में तोड़-फोड़ करते हुए. उदाहरण के लिए रचना भोला यामिनी के इन छोटे छोटे गद्यांशों को ही ले लीजिये. चाहे तो इसे स्मरण-कथा नाम दे सकते हैं. बहरहाल, पढने में कितना अच्छा लगता है? पढ़कर …

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उषाकिरण खान की कहानी ‘कौस्तुभ स्तंभ’

उषाकिरण खान हिंदी की वरिष्ठ लेखिका हैं. मिथिला की मिटटी-पानी की गंध उनकी रचनाओं में खूब है. बिहार के बाढ़ के मौसम में उनकी यह कहानी याद आई- मॉडरेटर  ======================================        ‘माँ ….. ओ माँ …  तुम ठीक तो हो ना … कैसी हो ……? आवाज … ओ।‘        चीख-चीखकर बेटा …

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