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एडुवर्ड हेरेन्ट की की कविताएँ

एडुवर्ड हेरेन्ट की की कविताओं का अनुवाद किया है युवा कवयित्री अनामिका अनु ने– =====   आर्मेनिया   १. *** वाॅन गाॅ ने अपने कानों से मुक्ति पा ली क्योंकि उसे इसकी जरूरत नहीं थी वह असाधारण लोगों को पहले ही सुन चुका था   अल-मैरी वास्तव में इतना ज्यादा …

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काहे के भारत देश में आये कोरोनवा रे/ मार-मार के तोहके भगईहें पबलिकिया रे

आजकल कोरोना को लेकर गीत लिखे जा रहे हैं, दीये जलाए जा रहे हैं। युवा लेखक और इलाहाबाद में प्राध्यापक सुजीत कुमार सिंह ने अपने इस लेख में 1893 में लखनऊ के मुंशी नवल किशोर प्रेस से प्रकाशित ‘महारामायण को याद कर रहे हैं, जिसमें महिलाएँ गीत गा गाकर हैज़ा …

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रेणु के साहित्य से परिचित हुआ तो लगा खजाना मिल गया!

यह फणीश्वरनाथ रेणु की जन्मशताब्दी के साल की शुरुआत है। वरिष्ठ लेखक और रेणु की परम्परा के समर्थ हस्ताक्षर शिवमूर्ति जी का लेख पढ़िए रेणु की लेखन कला पर- मॉडरेटर ============= रेणु: संभवामि युगे युगे…             रेणु के साहित्य से परिचित हुआ तो लगा खजाना मिल गया। लिखने का कीड़ा …

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