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Tag Archives: rajkamal prakashan

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय और असगर वजाहत का उपन्यास ‘कैसी आगी लगाई’

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय की दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं के बीच असगर वजाहत के उपन्यास ‘कैसी आगी लगाई’ की याद आई. इसका परिवेश एएमयू ही है. राजकमल प्रकाशन से प्रकाशित इस उपन्यास का एक अंश, जो संयोग से किसी ज़माने में हुए ऐसे ही सामाजिक तनाव को लेकर है- मॉडरेटर =================================== ये नई …

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पागल बनाने वाला उपन्यास है ‘पागलखाना’

  राजकमल प्रकाशन से प्रकाशित ज्ञान चतुर्वेदी के उपन्यास ‘पागलखाना’ पर यशवंत कोठारी की टिप्पणी- मॉडरेटर ================================================================= राजकमल प्रकाशन ने ज्ञान चतुर्वेदी का पागलखाना छापा है। 271  पन्नों का  उपन्यास ऑनलाइन 595  रूपये (536+30+29)का पड़ा।  14 दिनों में डिलीवरी मिली। कवर पर  शेर और उसकी परछाई देख कर  ही डर …

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गुलजार साहब की ‘पाजी नज्में’

दिन भर हिंदी उर्दू की बहस देखता रहा, लेकिन शाम हुई तो गुलजार साहब याद आ गए. उनकी नज्मों की किताब आई है राजकमल प्रकाशन से ‘पाजी नज्में’. उसी संकलन से कुछ नज्में- मॉडरेटर ========================================== 1. ऐसा कोई शख़्स नज़र आ जाए जब… ऐसा कोई शख़्स नज़र आ जाए जब …

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मंगलेश डबराल का जन्मदिन मंगलेश डबराल की कविताएँ

आज सुबह से याद था कि आज मेरे प्रिय कवियों में एक मंगलेश डबराल का जन्मदिन है लेकिन उनकी कविताओं के माध्यम से उनको याद करने का मौका अब मिला. यही सच है कि जो लोग हमारे काम के नहीं होते उनको हम देर से याद करते हैं. फिर भी …

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कृष्णा सोबती के उपन्यास ‘गुजरात पाकिस्तना से गुजरात हिन्दुस्तान’ से एक अंश

हिंदी की वरिष्ठ लेखिका कृष्णा सोबती का आत्मकथात्मक उपन्यास आया है ‘गुजरात पाकिस्तान से गुजरात हिन्दुस्तान’. पुस्तक का प्रकाशन राजकमल प्रकाशन से हुआ है. उसका एक अंश- मॉडरेटर =========================================== नए कमरे में उसने कई करवटें बदलीं। नई जगह का उनींदा। सिरोही राज के गैस्टहाउस में न घर अपना और न …

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गीत चतुर्वेदी: नया संग्रह नई कविताएँ

इस साल पुस्तक मेले में एक बहु प्रतीक्षित कविता संग्रह भी आया. गीत चतुर्वेदी का संग्रह ‘न्यूनतम मैं’. गीत समकालीन कविता के ऐसे कवियों में हैं जिनकी हर काव्य पंक्ति में कुछ विशेष होता है. निस्संदेह इस बड़बोले समय में गीत की कविताएँ बेआवाज में दिल में आकर घर कर …

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‘सपने में पिया पानी’ की कुछ कविताएँ: समर्थ वशिष्ठ की कविताएँ

राजकमल प्रकाशन से इस साल कई युवा कवियों के संकलन आए हैं. इनमें एक अलग तरह का कवि समर्थ वशिष्ठ है. उनकी कविताओं का संग्रह है ‘सपने में पिया पानी’. वे अंग्रेजी में भी कविताएँ लिखते हैं. हिंदी में यह उनका पहला कविता संकलन है. उसी संग्रह से बिना कुछ …

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ऑक्सफ़ोर्ड बुक स्टोर में ‘हिंदी साहित्य उत्सव’

पिछले साल ऑक्सफ़ोर्ड बुक स्टोर ने ‘हिंदी साहित्य उत्सव’ की शुरुआत की थी. इस बार भी हुआ. आज ही जब दिन भर लोग योगी दित्यनाथ को लेकर बहसों में उलझे हुए थे ऑक्सफ़ोर्ड बुक स्टोर में ‘हिंदी साहित्य उत्सव’ चल रहा था. पिछले साल इस आयोजन में  पार्टनर वाणी प्रकाशन …

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काशीनाथ सिंह के नए उपन्यास ‘उपसंहार’ का अंश

राजकमल प्रकाशन समूह ने हाल ही में संपन्न हुए बनारस पुस्तक मेले में काशीनाथ सिंह और मैत्रेयी पुष्पा के नए उपन्यासों का प्रकाशन से पहले आदेश लेना शुरू किया. हिंदी के इन दो पाठकप्रिय कथाकारों के उपन्यासों—क्रमश:‘उपसंहार’ और‘फ़रिश्ते निकले’ की एडवांस बुकिंग 15 जनवरी 2014 तक जारी रहेगी. दोनों उपन्यासों …

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