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कथा-कहानी

प्रदीपिका सारस्वत की कहानी ’14 फ़रवरी’

युवा लेखिका प्रदीपिका सारस्वत को किसी परिचय की दरकार नहीं है. कहानियां जरूर उन्होंने हाल में लिखना शुरू किया है. आज उनकी नई कहानी पढ़िए- मॉडरेटर ========================================== मैं आज एक नए मकान में पहुँचा हूँ. नया मकान, हुँह! मकान बहुत पुराना है. कुछ नहीं तो 100 से ऊपर का तो …

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 राकेश तिवारी की कहानी ‘मुचि गई लड़कियां’  

राकेश तिवारी को मैं एक अच्छे पत्रकार, लेखक के रूप में जानता, पढता रहा हूँ लेकिन उनकी यह कहानी कुछ अलग ही है. कुमाऊँ का परिवेश, किस्सागोई और मुचि गई लड़कियां. पढियेगा, आपको भी अच्छी लगेगी. यह कहानी ‘आजकल’ में प्रकाशित हुई थी- मॉडरेटर ================================================= धनंजय कहता है यह तारा …

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प्रदीपिका सारस्वत की कहानी ‘तन तंबूरा तार मन’

प्रदीपिका सारस्वत सुपरिचित लेखिका हैं. वेबसाइट्स पर बहुत अलग तरह की स्टोरीज करती हैं. कविताएँ लिखती हैं, यह उनकी एक छोटी सी कहानी है समुद्र के पानी की तरह अपने साथ बहाकर ले जाने वाली- मॉडरेटर ===================== कभी देखा है किनारे की रेत को? उस पर से जब पानी लौट …

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लेडी मस्तराम की कहानियां-1- ‘प्यार का बोरोलीन’

हाल में ही एक लेखिका ने मुझे अपनी पांडुलिपि भेजी ‘लेडी मस्तराम की कहानियां’. मैं लेखिका का नाम नहीं बताऊँगा लेकिन पाण्डुलिपि से एक कहानी लगा रहा हूँ. लेखिका को पहचानिए और इस बात पर अफ़सोस जताइए कि क्यों इस तरह की कहानियां लिखने के लिए हिंदी के लेखक-लेखिकाओं को …

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गाब्रिएल गार्सिया मार्केज़ की कहानी ‘संत’

कुम्भ के मौसम में मार्केज़ की इस कहानी की याद आई. वैज्ञानिकता के असर में हम सभ्यता को इकहरा बनाते-समझते हैं जबकि इसकी कई परतें हैं, कई रूप भी. कहानी का अनुवाद विजय शर्मा ने किया है- मॉडरेटर ================== बाइस वर्ष बाद ट्रास्टवेयरे की पतली रहस्यमयी गलियों में से एक …

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चीनी लेखक लाओ मा की कहानी ‘मरीज को देखने जाना’

हाल में मैंने जिन किताबों के अनुवाद किये हैं उनमें चीनी लेखक लाओ मा की कहानियों का संग्रह ‘भीड़ में तन्हा’ बहुत अलग है. चीन की राजनीति, समाज पर लगातार एक व्यंग्यात्मक शैली में उन्होंने कहानियां लिखी हैं. बानगी के तौर पर एक कहानी देखिये. यह किताब ‘रॉयल कॉलिन्स पब्लिकेशन’ …

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प्रियंका ओम की कहानी ‘वह फूहड़ स्त्री’

आज प्रियंका ओम की कहानी ‘वह फूहड़ स्त्री’ पढ़िए. नए साल की शुरुआत समकालीन रचनाशीलता से करते हैं- मॉडरेटर ===================== उस स्त्री के पहनावे का रंग संयोजन था मुझे विस्मय से भर देता ! पीले रंग की ब्लाउज़ पर एड़ी से चार अंगुल ऊँची ब्लू छींट की साड़ी, और साड़ी …

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तसनीम खान की कहानी ‘मेरे हिस्से की चांदनी’

समकालीन युवा लेखन में तसनीम खान का नाम जाना-पहचाना है. उनकी नई कहानी पढ़िए- मॉडरेटर ============ आंगन में फैली रातरानी के महकने का वक्त हो चला। वो इस कदर महक रही थी कि पूरा घर इस खूशबू से तर हो गया। हवा के झोंकों के साथ इसकी खुशबू कमरों की …

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मनोज कुमार पांडेय की कहानी ‘पापियों के उद्धार की अनोखी योजना’

मनोज कुमार पांडेय मेरी पीढ़ी के उन कथाकारों में हैं जो न सिर्फ निरंतर लिख रहे हैं बल्कि नए-नए कथा-प्रयोग भी कर रहे हैं. यह उनकी नई कहानी है जो लक्षणा और व्यंजना में पढ़े जाने की मांग करती है- प्रभात रंजन ================ स्वर्णदेश का राजा उन लोगों के लिए …

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चारुमति रामदास अनूदित अलेक्सांद्र कूप्रिन के उपन्यास ‘द डुअल’ का एक हिस्सा

अलेक्सांद्र कूप्रिन (1870-1938) एक प्रसिद्ध रूसी लेखक थे. यहाँ दिया गया हिस्सा कूप्रिन के सबसे प्रसिद्ध उपन्यास द डुअल से लिया गया है। इस हिस्से को पढ़ते हुए आपको अहसास होगा कि टाल्सटाय ने क्यों कूप्रिन को चेखब का सही उत्तराधिकारी कहा था। चारुमति रामदास के द्वारा इस तर्जुमा को …

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