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कोई अदालत है प्रेम जैसे

वरिष्ठ कवि नंदकिशोर आचार्य का नया कविता संग्रह आया है ‘केवल एक पत्ती ने’, ‘वाग्देवी प्रकाशन, बीकानेर से. उसी संग्रह से कुछ कविताएँ आज प्रस्तुत हैं- जानकी पुल.    अभिधा में नहीं जो कुछ कहना हो उसे –खुद से भी चाहे— व्यंजना में कहती है वह कभी लक्षणा में अभिधा …

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यह पलाश के फूलने का समय है

          आज युवा कवि अनुज लुगुन की कविताएँ. अनुज की कविताओं में सभ्यता का गहरा अँधेरा है, हाशिए के लोगों की वह उदासी जिसके कारण ग्लोब झुका हुआ दिखाई देता है. एकदम नए काव्य-मुहावरे के इस कवि में बड़ी संभावनाएं दिखाई देती हैं, बेहतर भविष्य की, …

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हिन्दी सिनेमा के संगीत-प्रेमी फ़िल्मकार: शक्ति सामंत

फिल्मकार शक्ति सामंत पर यह दिलचस्प लेख दिलनवाज़ ने लिखा है. जब वे हिंदी सिनेमा और गीत-संगीत पर लिखते हैं तो एक अलग ही अंदाज़ होता है, हमेशा कुछ अलक्षित जानकारियां लेकर आते हैं. इस लेख को पढते हुए भी ऐसा ही लगेगा- जानकी पुल. हिन्दी एवं बांग्ला फ़िल्मो के …

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