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अमित गुप्ता का व्यंग्य ‘दाढ़ी क्यों बढ़ा रहे हो?’

आज पढ़िए युवा लेखक-कवि अमित गुप्ता का व्यंग्य, जो बढ़ती महंगाई पर है- ========================================  घड़ी के अलार्म ने सुबह-सुबह ऐसा हल्ला मचाया कि जैसे वो मेज से अभी-अभी उछलकर अपनी छूटती हुई ट्रेन को पकड़ने के लिए दौड़ पड़ेगा। माधव भकुआया हुआ उठा और जैसे-तैसे कर अलार्म बंद किया, सोचा …

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आलोक कुमार मिश्रा की कहानी ‘दो चुटकी नमक’

आज युवा लेखक आलोक कुमार मिश्रा की कहानी पढ़िए। महामारी की पृष्ठभूमि में एक मार्मिक कहानी- ===================================== “अरे साब, जरा सुनो तो। दो चुटकी नमक डाल दो इस डिबिया में…खुदा जाने ज़ुबान क्यों उतरी हुई है…खाना बेस्वाद और फीका सा लगे है।” एक दुबले-पतले, मेहंदी लगी लाल दाढ़ी वाले लगभग …

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अणुशक्ति सिंह की कहानी ‘नो स्मेल, येट नेगेटिव…’

आज पढ़िए युवा लेखिका अणुशक्ति सिंह की कहानी। अणुशक्ति सिंह का उपन्यास ‘शर्मिष्ठा’ चर्चित रहा है। यह उनकी नई कहानी है- ======================   ओडोनिल की एकदम मद्धिम पड़ चुकी ख़ुशबू, टिपिर टिपिर चूता वाश बेसिन का नल, खिड़की की दूसरी तरफ़ रखा मोतिये के फूलों का गमला। ‘बाथरूम के बाहर …

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